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राष्ट्रपति ने सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन अधिनियम, 2021 को अपनी स्वीकृति दी

 राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन अधिनियम, 2021 को अपनी स्वीकृति दे दी है। यह अधिनियम सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) अधिनियम, 1972 में और संशोधन करता है।

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The President gave his assent to the General Insurance Business (Nationalisation) Amendment Act, 2021f

 राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन अधिनियम, 2021 को अपनी स्वीकृति दे दी है। यह अधिनियम सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) अधिनियम, 1972 में और संशोधन करता है।

सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन विधेयक, 2021में सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनियों में अधिक से अधिक निजी भागीदारी और अर्थव्यवस्था के तेजी से विकास में योगदान करने और पॉलिसी धारकों के हितों को बेहतर ढंग से सुरक्षित करने तथा बीमा निवेश और सामाजिक सुरक्षा को बढ़ाने का प्रावधान है।

सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन विधेयक, 2021 के माध्यम से  से सरकार पब्लिक सेक्टर की जनरल इंश्योरेंस कंपनियों में अपनी हिस्सेदारी कम करने के प्रयास में है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इस विधेयक को पेश करते हुए कहा था कि ये विधेयक भारतीय बाजारों से जरूरी संसाधनों को जुटाने में मदद करेगा। 

सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन अधिनियम, 2021 के उद्देश्यों एवं कारणों में कहा गया है कि सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनियों में अधिक निजी भागीदारी का उपबंध करने, बीमा पहुंच में वृद्धि करने, सामाजिक संरक्षण एवं पालिसीधारकों के हितों को बेहतर रूप से सुरक्षित करने तथा अर्थव्यवस्था की तीव्र वृद्धि में अंशदान करने के लिये अधिनियम के कुछ उपबंधों का संशोधन करना आवश्यक हो गया था। इसलिए 1972 के बाद अब जाकर सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) अधिनियम, 1972 के नियमों में बदलाव किए जाएंगे। 

सामान्य बीमा व्यवसाय (राष्ट्रीयकरण) संशोधन अधिनियम, 2021 के माध्यम से अधिनियम की उस अपेक्षा को हटाने का प्रावधान किया गया है जिसमें केंद्र सरकार विनिर्दिष्ट बीमाकर्ता की साम्य पूंजी 51 प्रतिशत से कम नहीं होने की बात कही गई है। इस विधेयक से सार्वजनिक क्षेत्र की जनरल इंश्योरेंस कंपनी में केन्द्र सरकार की 51 फीसदी हिस्सेदारी रखने की बाध्यता खत्म हो जाएगी।

Disclaimer: This post has been auto-published from an agency news helpline feed without any modifications to the text and has not been reviewed by an editor

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